Paper Title
स्किल इंडिया मिशन और व्यावसायिक प्रशिक्षण की प्रभावशीलता का विश्लेषण एवं अध्ययन
Abstract
वैश्वीकरण, डिजिटलीकरण और औद्योगिक परिवर्तन के इस युग में पारंपरिक शिक्षा प्रणाली अकेले रोजगार की गारंटी नहीं दे सकती। उद्योगों की बदलती मांगों के अनुरूप कौशल का विकास समय की आवश्यकता है। भारत में उच्च शिक्षा प्राप्त युवाओं में भी बेरोजगारी की समस्या देखी जाती है, जिसका प्रमुख कारण कौशल-अनुरूपता का अभाव है। भारत विश्व की सबसे युवा आबादी वाले देशों में से एक है, जहाँ लगभग 65 प्रतिशत जनसंख्या 35 वर्ष से कम आयु की है। इस जनसांख्यिकीय लाभांश को उत्पादक शक्ति में परिवर्तित करने के उद्देश्य से भारत सरकार ने वर्ष 2015 में स्किल इंडिया मिशन की शुरुआत की। इस मिशन का मूल उद्देश्य युवाओं को उद्योगोन्मुखी कौशल प्रदान कर उन्हें रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ना है। प्रस्तुत शोध पत्र में स्किल इंडिया मिशन के अंतर्गत संचालित व्यावसायिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रभावशीलता का विश्लेषण एवं अध्ययन किया गया है।
अध्ययन में मिशन के प्रमुख घटकों—प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, राष्ट्रीय कौशल विकास निगम, सेक्टर स्किल काउंसिल आदि—के माध्यम से प्रशिक्षण की गुणवत्ता, रोजगार सृजन, उद्योग–शिक्षा समन्वय तथा सामाजिक समावेशन जैसे आयामों का मूल्यांकन किया गया है। शोध में गुणात्मक एवं मात्रात्मक पद्धति का प्रयोग करते हुए विभिन्न रिपोर्टों, सरकारी दस्तावेजों और पूर्ववर्ती शोधों का विश्लेषण किया गया है।
अध्ययन के निष्कर्षों से स्पष्ट होता है कि स्किल इंडिया मिशन ने कौशल विकास के क्षेत्र में जागरूकता और भागीदारी बढ़ाई है, किन्तु प्रशिक्षण की गुणवत्ता, प्रशिक्षकों की दक्षता, उद्योगों से समन्वय तथा प्लेसमेंट की निरंतरता जैसे क्षेत्रों में अभी सुधार की आवश्यकता है। यह शोध भविष्य की नीति-निर्माण प्रक्रिया में उपयोगी सुझाव प्रस्तुत करता है।
मूल शब्द (Keywords) - स्किल इंडिया मिशन, व्यावसायिक प्रशिक्षण, कौशल विकास, रोजगार सृजन, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, उद्योग–शिक्षा समन्वय, आत्मनिर्भर भारत